चार मानचित्र याद करें: तीन सार्वजनिक निधियाँ; कर-वितरण; वित्त आयोग; अनुदान और उधार। प्रतिशत और राशि बदलते हैं, संवैधानिक नियम पहले पढ़ें। अनुच्छेद 280 के संघ वित्त आयोग को अनुच्छेद 243-I के राज्य वित्त आयोग से न मिलाएँ।
2. प्रमुख अनुच्छेद
265–267
विधि का प्राधिकार; संचित निधि, लोक लेखा, आकस्मिकता निधि।
268–271
कर आरोपण/संग्रह/वितरण, अंतरराज्यीय जीएसटी, अधिभार।
275/282
संवैधानिक सहायतानुदान/व्यापक लोक-प्रयोजन अनुदान।
279/280–281
निवल आगम और वित्त आयोग।
279A
जीएसटी परिषद।
292–293
संघ/राज्य उधार।
243-I/243-Y
स्थानीय निकायों हेतु राज्य वित्त आयोग।
3. राज्य की तीन निधियाँ
निधि
अंतर्वस्तु
निकासी
राज्य संचित निधि, 266(1)
समस्त राजस्व, उठाए ऋण, दिए ऋण की वापसी।
संविधानानुसार विधि/विनियोग से।
लोक लेखा, 266(2)
अन्य सार्वजनिक धन—भविष्य निधि, जमा, आरक्षित निधि।
सरकार न्यासी/बैंकर; संचित निधि जैसा विनियोग नहीं।
आकस्मिकता निधि, 267(2)
राज्य विधि से अग्रदाय।
अनपेक्षित व्यय हेतु राज्यपाल के अधीन; बाद में विधानमंडलीय स्वीकृति और पुनर्भरण।
4. कर-वितरण
268
संघ आरोपित, राज्य संगृहीत और विनियोजित निर्दिष्ट शुल्क।
269
संघ द्वारा आरोपित-संगृहीत निर्दिष्ट अंतरराज्यीय कर, राज्यों को सौंपे।
269A
अंतरराज्यीय जीएसटी संघ संगृहीत कर संघ-राज्य में बाँटता; आयात अंतरराज्यीय आपूर्ति माना जाता है।
270
स्पष्ट अपवादों को छोड़कर संघ करों का विभाज्य पूल; ऊर्ध्वाधर संघ-राज्य और क्षैतिज राज्य-राज्य वितरण।
271
संसद का संघ-प्रयोजन अधिभार; आगम संघ को, अनुच्छेद 246A जीएसटी अपवाद।
5. वित्त आयोग—अनुच्छेद 280
गठन
राष्ट्रपति हर पाँचवें वर्ष या पहले; अध्यक्ष और चार सदस्य।
कर
विभाज्य निवल आगम का संघ-राज्य और राज्यों के बीच बँटवारा सुझाता है।
अनुदान
अनुच्छेद 275 सहायतानुदान सिद्धांत।
स्थानीय निकाय
राज्य आयोग की सिफारिश के आधार पर पंचायत/नगरपालिका हेतु राज्य संचित निधि बढ़ाने के उपाय।
अन्य
सुदृढ़ वित्त हेतु राष्ट्रपति द्वारा भेजा विषय।
प्रतिवेदन
अनुच्छेद 281 में राष्ट्रपति दोनों संसदीय सदनों में कार्रवाई-ज्ञापन सहित रखता है।
6. अनुच्छेद 275 और 282
275
282
सहायता की आवश्यकता वाले राज्यों हेतु भारत की संचित निधि से संवैधानिक अनुदान; वित्त आयोग सिद्धांत सुझाता; जनजातीय/अनुसूचित क्षेत्र प्रावधान भी।
संघ या राज्य किसी लोक प्रयोजन के लिए अनुदान दे सकता है, भले वह उसके विधायी क्षेत्र से बाहर हो।
7. जीएसटी परिषद बनाम वित्त आयोग
279A परिषद
280 आयोग
संघ वित्त मंत्री अध्यक्ष; संघ-राज्य मंत्री; जीएसटी दर/छूट/नियम पर सिफारिश।
राष्ट्रपति नियुक्त अध्यक्ष+4; कर-वितरण और अनुदान।
स्थायी मंच; गणपूर्ति आधी; निर्णय तीन-चौथाई भारित मत—संघ 1/3, राज्य मिलकर 2/3।
हर पाँच वर्ष/पहले; अपनी प्रक्रिया, 279A वाला भारित मत नहीं।
8. राज्य वित्त आयोग
आधार
243-I; नगरपालिकाओं हेतु 243-Y।
गठन
राज्यपाल हर पाँचवें वर्ष।
कार्य
राज्य-स्थानीय कर बँटवारा, कर-सौंपना, अनुदान और पंचायत/नगरपालिका वित्त सुधार।
प्रतिवेदन
राज्यपाल कार्रवाई-ज्ञापन सहित राज्य विधानमंडल में रखता है।
9. उधार और सुरक्षा
292
संसद-निर्धारित सीमा में भारत की संचित निधि की सुरक्षा पर संघ उधार/गारंटी।
293(1)
राज्य केवल भारत के भीतर, राज्य संचित निधि की सुरक्षा और विधानमंडलीय सीमा में उधार।
293(3)-(4)
संघ ऋण/गारंटी बकाया हो तो संघ की सहमति; शर्तें लग सकती हैं।
11. बिहार विशेष
निधियाँ
बिहार के सरकारी लेखे संचित निधि, आकस्मिकता निधि और लोक लेखा में संगठित हैं।
अंतरण
बिहार को विभाज्य कर हिस्सा और अनुदान मिलते हैं; वर्तमान राशि नए आयोग प्रतिवेदन/बजट से जाँचें।
स्थानीय निकाय
बिहार राज्य वित्त आयोग पंचायत-नगरपालिका संसाधन समीक्षा का आधार है।
उधार
अनुच्छेद 293 और लागू राजकोषीय उत्तरदायित्व विधि; वार्षिक सीमा वर्तमान विषय।
12. समयरेखा
14. आधिकारिक पूर्व-प्रश्न
पूर्ण आधिकारिक शब्द/विकल्प सत्यापित न होने से नीचे मौलिक बीपीएससी-शैली प्रश्न हैं।