बिहार धरोहर: स्मारक, संग्रहालय, यूनेस्को-संबंधित स्थल, उत्सव और ऐतिहासिक भूगोल
BPSC प्रारंभिक परीक्षा की मांग
स्थल–क्षेत्र, स्मारक–शासक, संग्रहालय–नगर, मेला–नदी-संगम और विश्व धरोहर स्थल–वर्ष वाले मिलान प्रश्न तैयार रखें। सबसे जरूरी भेद यह है: बिहार में यूनेस्को की विश्व धरोहर सूची में केवल दो संपत्तियाँ हैं—बोधगया का महाबोधि मंदिर परिसर (2002) और नालंदा महाविहार का पुरातात्त्विक स्थल (2016)। विक्रमशिला अत्यंत महत्त्वपूर्ण संरक्षित पुरातात्त्विक स्थल है, लेकिन वह यूनेस्को विश्व धरोहर संपत्ति नहीं है।
झटपट कालक्रम
स्मारक और संस्थान: एक नजर में
| स्थल / संस्थान | स्थान-संकेत | परीक्षा-योग्य तथ्य | बचने योग्य भ्रम |
|---|---|---|---|
| महाबोधि मंदिर परिसर | बोधगया, गया | बुद्ध के ज्ञान-प्राप्ति स्थल से संबद्ध; 2002 से यूनेस्को विश्व धरोहर संपत्ति। | इसे नालंदा न समझें। |
| नालंदा महाविहार का पुरातात्त्विक स्थल | नालंदा | बौद्ध मठीय और शैक्षिक परंपरा के अवशेष; 2016 से यूनेस्को विश्व धरोहर संपत्ति। | यह बोधगया में नहीं है। |
| विक्रमशिला महाविहार | अंतीचक, भागलपुर क्षेत्र | प्रमुख बौद्ध विश्वविद्यालय-स्थल; संरक्षित पुरातात्त्विक स्मारक। | महत्त्वपूर्ण होने का अर्थ विश्व धरोहर सूची में होना नहीं है। |
| शेरशाह सूरी का मकबरा | सासाराम, रोहतास | कृत्रिम जलाशय के बीच स्थित सूर काल का प्रमुख इंडो-इस्लामी स्मारक। | यह पटना या दिल्ली में नहीं है। |
| गोलघर | पटना | 1786 में कैप्टन जॉन गार्स्टिन द्वारा बनाया गया अन्नागार। | इसे शेरशाह सूरी से न जोड़ें। |
| पटना संग्रहालय | पटना | 1917 में स्थापित; बिहार की पुरातात्त्विक और कला-संग्रह संपदा का महत्वपूर्ण केंद्र। | इसके वर्ष को बिहार संग्रहालय के खुलने के वर्ष से न मिलाएँ। |
| बिहार संग्रहालय | बेली रोड, पटना | आधुनिक राज्य संग्रहालय; 2015 में आम लोगों के लिए खुला। | यह कोई प्राचीन विश्वविद्यालय-स्थल नहीं है। |
उत्सव और जीवित धरोहर
छठ पूजा बिहार का सूर्य-उपासना का प्रमुख पर्व है। बिहार पर्यटन इसे कार्तिक में होने वाला चार दिन का व्रत-उत्सव बताता है, जिसमें डूबते सूर्य और फिर उगते सूर्य को अर्घ्य दिया जाता है। सोनपुर मेला गंगा और गंडक के संगम से जुड़ा है तथा कार्तिक पूर्णिमा के आसपास आरंभ होता है। पितृपक्ष गया और पितरों के लिए किए जाने वाले कर्मकांड से विशेष रूप से जुड़ा है। प्रारंभिक परीक्षा में सांस्कृतिक संबंध को विश्व धरोहर सूची में शामिल होने का दावा न समझें।
धरोहर और उत्सव: प्रश्न का प्रकार पहचानें
| विषय | पहचान का सबसे अच्छा सूत्र | संभावित प्रश्न |
|---|---|---|
| महाबोधि मंदिर परिसर | बोधगया; ज्ञान-प्राप्ति; यूनेस्को 2002 | स्थल–घटना या स्थल–वर्ष मिलान |
| नालंदा महाविहार | नालंदा; यूनेस्को 2016 | विश्वविद्यालय/स्थल–यूनेस्को मिलान |
| गोलघर | पटना; 1786; कैप्टन जॉन गार्स्टिन | स्मारक–निर्माता/वर्ष मिलान |
| सोनपुर मेला | गंगा–गंडक; कार्तिक पूर्णिमा | मेला–नदी/तिथि मिलान |
| छठ पूजा | सूर्य-उपासना; डूबता और उगता सूर्य | पर्व–परंपरा मिलान |