संत–परंपरा–ग्रंथ–स्थान के युग्म सीखें। भक्ति या सूफीवाद को एक ही सिद्धांत न मानें: सगुण और निर्गुण धाराओं में अंतर करें तथा सूफी सिलसिला (आध्यात्मिक परंपरा) और खानकाह (केंद्र/आश्रम) को अलग समझें।
भक्ति के मुख्य संकेत
व्यक्ति/समूह
सुरक्षित संकेत
आलवार
तमिल वैष्णव भक्ति संत।
नायनार
तमिल शैव भक्ति संत।
रामानुज
विशिष्टाद्वैत; वैष्णव परंपरा।
मध्व
द्वैत दर्शन।
कबीर
निर्गुण भक्ति धारा।
चैतन्य
कृष्ण भक्ति; बंगाल और ओडिशा में सक्रिय।
तुलसीदास
अवधी में रामचरितमानस।
सूफी के मुख्य संकेत
सिलसिला/व्यक्ति
सुरक्षित संकेत
चिश्ती
अजमेर में मुईनुद्दीन चिश्ती; दिल्ली में निज़ामुद्दीन औलिया।
सुहरावर्दी
मुल्तान में बहाउद्दीन ज़करिया।
खानकाह
सूफी निवास अथवा सामुदायिक केंद्र।
सिलसिला
आध्यात्मिक वंश-परंपरा/संप्रदाय।
अमीर खुसरो
निज़ामुद्दीन औलिया के शिष्य; फारसी कवि और संगीतज्ञ।